कांडी पहुंचा 10 एमवीए का नया ट्रांसफार्मर, बिजली व्यवस्था मजबूत होने की उम्मीद
बढ़ते लोड से मिलेगी राहत, सिंचाई व्यवस्था को मिलेगा सहारा; लंबे समय से अतिरिक्त क्षमता वाले ट्रांसफार्मर की थी मांग
कांडी (गढ़वा)। कांडी प्रखंड क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में गुरुवार को महत्वपूर्ण पहल हुई। गढ़वा विद्युत विभाग की ओर से कांडी विद्युत सब स्टेशन के लिए 10 एमवीए क्षमता का नया ट्रांसफार्मर भेजा गया, जो गुरुवार को सफलतापूर्वक कांडी पहुंच गया। अतिरिक्त क्षमता वाले ट्रांसफार्मर के पहुंचने से क्षेत्रवासियों में बिजली आपूर्ति बेहतर होने की उम्मीद जगी है।
बताया जाता है कि कांडी क्षेत्र में बढ़ते विद्युत लोड के कारण लंबे समय से आपूर्ति व्यवस्था पर दबाव बना हुआ था। खासकर कृषि एवं सिंचाई के मौसम में बिजली की मांग बढ़ने से लोड की समस्या और गहरा जाती थी। इसका असर नियमित बिजली आपूर्ति पर पड़ता था, जिससे खेतों की सिंचाई समेत घरेलू एवं अन्य आवश्यक कार्य भी प्रभावित होते थे। ग्रामीण लंबे समय से सब स्टेशन की क्षमता बढ़ाने की मांग कर रहे थे।
नए 10 एमवीए ट्रांसफार्मर के लगने के बाद कांडी विद्युत सब स्टेशन की क्षमता में बढ़ोतरी होने की संभावना है। इससे बढ़ते लोड को संभालने में विभाग को सहूलियत मिलेगी और बिजली आपूर्ति को अधिक सुचारु बनाने में मदद मिलेगी। विशेषकर सिंचाई के लिए बिजली पर निर्भर क्षेत्र के खेतिहर परिवारों को इसका सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
ग्रामीणों का कहना है कि अतिरिक्त क्षमता वाले ट्रांसफार्मर की मांग काफी पुरानी थी। अब इसके कांडी पहुंचने से लो-वोल्टेज और बार-बार बिजली बाधित होने की समस्या में कमी आने की उम्मीद बढ़ी है। हालांकि, बिजली आपूर्ति में वास्तविक सुधार ट्रांसफार्मर की स्थापना, चार्जिंग और उसे विद्युत व्यवस्था में शामिल किए जाने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
क्षेत्रवासियों ने विद्युत विभाग से मांग की है कि नए ट्रांसफार्मर को बिना अनावश्यक विलंब के स्थापित कर चालू कराया जाए, ताकि इसका लाभ आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ सिंचाई व्यवस्था को भी मिल सके। ग्रामीणों को उम्मीद है कि बढ़ी हुई क्षमता से खरीफ सीजन में बिजली आपूर्ति पहले की तुलना में अधिक स्थिर और भरोसेमंद होगी।
अतिरिक्त क्षमता वाले इस ट्रांसफार्मर के चालू होने के बाद कांडी क्षेत्र में बढ़ते बिजली लोड को संभालने के साथ-साथ सिंचाई और घरेलू विद्युत जरूरतों को पूरा करने में भी विभाग को राहत मिलने की उम्मीद है।
